नई दिल्ली: भारत ने अपनी तकनीकी क्षमता को और मजबूत करते हुए 130 करोड़ रुपये की लागत से तीन अत्याधुनिक Super Computers का निर्माण किया है। इन Super Computers को टेक्नोलॉजी में आत्मनिर्भरता और इनोवेशन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से देश की NSM (National Supercomputing Mission) पहल के तहत विकसित किया गया है।
परम रुद्र की मुख्य विशेषताएं
परम रुद्र, इन तीन सुपर कंप्यूटरों में से एक, लेटेस्ट हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर तकनीक से लैस है। इसका निर्माण लगभग पूरी तरह से भारत में ही किया गया है, जो देश की तकनीकी प्रगति और स्वदेशीता का एक बड़ा उदाहरण है। इसकी तेज़ गति और जटिल कैलकुलेशन करने की क्षमता ने इसे विश्व स्तरीय तकनीकी उपकरण बना दिया है। इसका उपयोग मुख्य रूप से मौसम पूर्वानुमान, जलवायु मॉडलिंग, ड्रग रिसर्च, और Artificial Intelligence जैसे उभरते क्षेत्रों में किया जाएगा।
प्रमुख अनुसंधान केंद्रों में तैनाती
ये तीनों सुपर कंप्यूटर देश के अलग-अलग प्रमुख अनुसंधान केंद्रों में तैनात किए गए हैं:
- पुणे: यहां स्थित विशालकाय मीटर रेडियो टेलीस्कोप (GMRT) खगोलीय घटनाओं जैसे Fast Radio Bursts का अध्ययन करने के लिए परम रुद्र का उपयोग करेगा।
- दिल्ली: इंटर यूनिवर्सिटी एक्सेलेरेटर सेंटर (IUAC) में परम रुद्र का उपयोग पदार्थ विज्ञान और परमाणु भौतिकी के क्षेत्रों में रिसर्च के लिए किया जाएगा।
- कोलकाता: यहां भी यह सुपर कंप्यूटर उन्नत वैज्ञानिक अनुसंधान के लिए काम करेगा।
NEW DELHI: Kangana Ranaut के बयान पर सियासी घमासान, कृषि कानूनों की वापसी की मांग पर मचा बवाल? BJP ने बनाई दूरी?
राष्ट्रीय सुपरकंप्यूटिंग मिशन (NSM) की भूमिका
National Supercomputing Mission (NSM) का उद्देश्य भारत में सुपरकंप्यूटिंग इंफ्रास्ट्रक्चर स्थापित करना और देश के शिक्षाविदों, रिसर्चर्स, एमएसएमई, और स्टार्टअप्स को बढ़ती कम्प्यूटेशनल मांगों को पूरा करने के लिए आवश्यक संसाधन प्रदान करना है। इन Super Computers का निर्माण भारत को ग्लोबल सुपरकंप्यूटिंग स्पेस में महत्वपूर्ण स्थान दिलाने की दिशा में एक बड़ी छलांग है।
NEW DELHI: क्या है एक्सिस ऑफ रेजिस्टेंस? जो बना Israel के लिए बड़ी चुनौती, जानें क्या हैं पूरा मामला?
भविष्य की संभावनाएं
ये सुपरकंप्यूटर्स रिसर्चर्स को जटिल समस्याओं को हल करने और तकनीकी प्रगति में तेजी लाने में मदद करेंगे। Super Computer की मदद से विज्ञान और टेक्नोलॉजी के कई क्षेत्रों में महत्वपूर्ण खोजों की उम्मीद है, जो भारत की तकनीकी क्षमता को नई ऊंचाइयों पर ले जाएंगे।
निष्कर्ष
भारत का यह कदम न सिर्फ उसकी तकनीकी प्रगति का प्रतीक है, बल्कि इसे एक Global Supercomputer Hub बनाने की दिशा में एक मजबूत प्रयास भी है। 130 करोड़ की लागत से बने ये तीन सुपर कंप्यूटर आने वाले वर्षों में विज्ञान और अनुसंधान में महत्वपूर्ण योगदान देंगे।
NEW DELHI: ऑनलाइन गेमिंग एप के जरिए 400 करोड़ रुपये की मनी लॉन्ड्रिंग, ED ने चीनी नागरिकों के क्रिप्टो अकाउंट फ्रीज किए?
Tags: #SuperComputer #IndiaTech #NationalSupercomputingMission #ArtificialIntelligence #NSM #GMRT #FastRadioBursts #IUAC #Pune #Delhi #Kolkata
Hashtags: #SuperComputer #IndiaInnovation #TechProgress #ArtificialIntelligence #ResearchInIndia #ScientificAdvancement #MadeInIndia #NSM
NEW DELHI: बर्खास्त IAS Puja Khedkar को दिल्ली हाई कोर्ट से मिली 7 दिन की राहत, दस्तावेज़ जमा करने के लिए कोर्ट ने केवल एक हफ्ते की दी मोहलत?
Discover more from NwB
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
Pingback: DELHI: एक ही परिवार के 5 लोगों की संदिग्ध मौत, मचा हड़कंप?